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Chapter 19

Mr Crorepati System - Episode 19

Mr Crorepati System

(श्री रिषभ ने Streamer हैनी को Super Rocket x66 दिया)

जेकब द ब्रेव ने स्ट्रीमर हैनी को सुपर रॉकेट x66 भेजा।

आधे घंटे बाद…

श्री रिषभ ने स्ट्रीमर हैनी को सुपर रॉकेट x1314 भेजा।

जेकब ने भी स्ट्रीमर हैनी को सुपर रॉकेट x1314 भेज दिया।

स्ट्रीम में धारा उग्र हो चुकी थी। दर्शकों की संख्या 1 लाख पार कर चुकी थी।

स्क्रीन पर लोग लगातार कॉमेंट कर रहे थे, "वाह, क्या भव्यता है!"

अमेलिया खुशी से पागल हो रही थी। उसने कभी सोचा नहीं था कि ये दोनों इतने उदार हो सकते हैं। उन्हें मिला हुआ तोहफों का कुल मूल्य दो मिलियन डॉलर से ऊपर जा चुका था।

अब उसे बोनस के तौर पर करीब 3 मिलियन डॉलर मिलने वाले थे, और ये सोचकर उसे यकीन ही नहीं हो रहा था।

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इस बीच...

रिषभ और जैकब को एहसास हुआ कि ये खेल हाथ से निकल सकता है।

अगर वो अमेलिया को जीत नहीं पाए, तो हार का गुस्सा उन्हें खा जाएगा।

लेकिन ये नीलामी नहीं थी। जो तोहफे दिए गए, वो वापस नहीं मिल सकते थे।

रिषभ ने जैकब को कॉल किया।

फोन उठाते ही रिषभ सीधे मुद्दे पर आया, “देखो यार, मैं अमेलिया को जीतने के लिए 5 मिलियन डालने को रेडी हूं। अगर तुम और ज्यादा देना चाहते हो, तो ठीक है, लेकिन जो तोहफे मैंने दिए हैं, वो मुझे वापस दे देना। बताओ, क्या कहते हो?”

जैकब थोड़ी देर चुप रहा और फिर बोला, “3 मिलियन अभी मेरे अकाउंट में ट्रांसफर कर दो, तो मैं अमेलिया के लिए लड़ाई बंद कर दूंगा। वरना हम ये लड़ाई जान तक लड़ेंगे।”

रिषभ ने सोचा और कहा, “ठीक है, मैं अभी 3 मिलियन ट्रांसफर कर रहा हूं। लेकिन उसके बाद तुम अमेलिया से कोई बातचीत नहीं करोगे।”

“डन!” जैकब की आवाज फोन के दूसरी तरफ से आई।

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रिषभ ने फटाफट जैकब को 3 मिलियन ट्रांसफर कर दिए।

भले ही ये दोनों लोग धनी और बदमाश टाइप थे, लेकिन अपनी बात के पक्के थे।

अब रिषभ ने हिसाब लगाया। रैंक 1 तक पहुँचने के लिए उसे 400,000 और खर्च करने होंगे।

कुल मिलाकर, उसने अमेलिया पर 6 मिलियन डॉलर से ज्यादा खर्च कर दिए थे।

हालांकि उसके पास करोड़ों की संपत्ति थी, लेकिन इतनी बड़ी रकम खर्च करने पर दर्द तो होता ही है।

पर अगर अमेलिया को जीत लेता, तो ये सौदा उसके लिए फायदे का था।

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स्ट्रीम में…

जैकब ने जैसे ही 3 मिलियन डॉलर पाए, उसने स्ट्रीम छोड़ दी।

उसके सुपर रॉकेट 1314 वहीं रुक गए।

दर्शक हैरान रह गए।

"अभी तो लड़ाई चल रही थी, और एक ने अचानक हार मान ली?"

इधर, रिषभ ने तुरंत अमेलिया को 200 और रॉकेट भेज दिए।

अब वो जैकब से आगे निकल गया और रैंक 1 पर था।

रिषभ ने स्ट्रीम में ऐलान किया,

“अमेलिया, मैं अब रैंक 1 पर हूं। जैकब हार मान चुका है और चला गया है। मैं कल रात तुम्हारा इंतजार करूंगा!”

स्ट्रीम में एक बार फिर हंगामा मच गया।

लोग कहने लगे,

"वाह, क्या राजा टाइप बंदा है!"

“अमेलिया अब सिर्फ रिषभ की है!”

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अमेलिया को समझ नहीं आया कि जैकब अचानक क्यों चला गया।

उसने सोचा था कि दोनों आपस में लड़ते रहेंगे और वो उनके तोहफों से फायदा उठाती रहेगी।

उसकी प्लानिंग थी कि जब दोनों बराबर-बराबर गिफ्ट देंगे, तो वो दोनों को एक साथ डेट करेगी।

लेकिन अब, जैकब के जाने से उसकी योजना धरी रह गई।

हालांकि उसे 5 मिलियन डॉलर के गिफ्ट मिल गए थे, लेकिन अब उसे रिषभ के साथ अकेले जाना होगा।

उसने मन ही मन गहरी सांस ली।

"चलिए, कम से कम मेरे पास 2 मिलियन का सांत्वना गिफ्ट तो है।"

अमेलिया ने मुस्कुराते हुए कहा,

"रिषभ, मैं कल तुम्हारे कॉल का इंतजार करूंगी!"

स्ट्रीम में फिर से हंगामा मच गया।

“नहीं! मेरी देवी!”

“मेरा दिल टूट गया!”

रिषभ ने बड़ी स्क्रीन पर लिखा,

“अमेलिया, तुम्हारे साथ कल की रात शानदार होगी!”

ध्रुव को लगा अब सही समय आ गया है, तो उसने कमेंट किया। चूंकि उसका लेवल 100 अकाउंट था, इसलिए उसकी टिप्पणी स्क्रीन पर चमक रही थी।

ध्रुव ने पूछा, “मैंने सुना है कि अगर मैं रैंक 1 ले लूँ, तो मुझे स्ट्रीमर के साथ डेट मिल सकती है। ये सच है?”

“मैची, हमारी देवी को बचाओ!”

“हाँ, मैची! इस शैतान से हमारी देवी को बचाओ।”

“उसे बचाने से तुम्हारा क्या मतलब है? अगर मैची रैंक 1 ले लेता है, तो देवी मैची की हो जाएगी।”

“फिर भी, मैं चाहता हूँ कि मैची रैंक 1 ले ले।”

स्क्रीन पर तरह-तरह की कॉमेंट्स आने लगीं।

ध्रुव ने फिर पूछा, “तो मैं बस ये जानना चाहता हूँ कि अगर मैं रैंक 1 ले लूँ, तो क्या मैं आपके साथ डेट पर जा सकता हूँ?”

अमेलिया ने जवाब दिया, “हाँ!”

“ठीक है,” ध्रुव ने कहा और चुप हो गया। फिर उसने रॉकेट्स छोड़ने शुरू कर दिए।

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[लिल मैची ने स्ट्रीमर हैनी को सुपर रॉकेट x1 भेजा]

10 मिनट बाद...

[लिल मैची ने स्ट्रीमर हैनी को सुपर रॉकेट x666 भेजा]

आधे घंटे बाद...

[लिल मैची ने स्ट्रीमर हैनी को सुपर रॉकेट x1314 भेजा]

एक घंटे बाद...

[लिल मैची ने स्ट्रीमर हैनी को सुपर रॉकेट x2520 भेजा]

दो घंटे बाद...

[लिल मैची ने स्ट्रीमर हैनी को सुपर रॉकेट x5200 भेजा]

दर्शक हक्के-बक्के रह गए।

रिषभ स्तब्ध रह गया।

अमेलिया भी अवाक रह गई।

स्ट्रीम की पॉपुलैरिटी 300k व्यूअर्स पार कर चुकी थी।

5200 सुपर रॉकेट्स? ये 10 मिलियन डॉलर से भी ज्यादा था!

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यह व्हेल स्ट्रीमिंग के इतिहास का सबसे बड़ा एकल लेनदेन बन गया।

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“मिस्टर मैच, क्या बॉलर है!”

“दुर्जेय मिस्टर मैच!”

“मिस्टर मैच, आप बहुत दबंग हैं!”

“मिस्टर मैच, आप मेरे आदर्श हैं!”

“मिस्टर मैच, मैं आपके बच्चे चाहती हूँ!”

स्क्रीन पर कमेंट्स की बाढ़ आ गई।

रिषभ का चेहरा गुस्से से लाल हो गया। उसे लगा जैसे उसने जिंदा मक्खी निगल ली हो।

उसके 6 मिलियन डॉलर बर्बाद हो गए और बदले में कुछ नहीं मिला।

अब वह किसी की जान लेने का मूड बना रहा था। उसने झट से अपना फोन निकाला और काव्या को कॉल किया।

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कॉल कनेक्ट हुई।

“हैलो? रिषभ, इतनी रात को क्यों फोन कर रहे हो?” काव्या ने पूछा।

“काव्या, बाहर आओ। मैं कैंपस के गेट पर तुम्हारा इंतज़ार कर रहा हूँ,” रिषभ ने गुस्से से कहा।

“रिषभ, अभी तो 2:30 बजे हैं। कल बात कर सकते हैं?”

“मैंने कहा, अभी बाहर आओ!” उसने दाँत पीसते हुए कहा।

“लेकिन…”

“कोई लेकिन नहीं। अगर अभी नहीं आई, तो अंजाम भुगतना पड़ेगा,” कहकर उसने फोन पटक दिया।

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दूसरी तरफ...

रिषभ की कॉल से काव्या की नींद खुल गई। उसका गुस्सैल अंदाज़ सुनकर वह हिल गई।

थोड़ी झिझक के बाद, वह धीरे-धीरे उठी ताकि रूममेट्स न जागें।

जब वह ध्रुव के साथ थी, तो ऐसा कुछ भी नहीं होता था। ध्रुव उसका ख्याल रखता था।

अगर वह कहती कि उसे भूख लगी है, तो ध्रुव देर रात तक खाना पहुंचा देता। उसने कभी उस पर दबाव नहीं डाला, कभी आवाज़ ऊँची नहीं की।

लेकिन रिषभ के साथ सब उल्टा था। उसने शुरुआत में उसे गिफ्ट्स और लाड़-प्यार से लुभाया। फिर धीरे-धीरे उसने अपना असली रूप दिखाना शुरू किया।

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काव्या चुपचाप कपड़े पहन रही थी, तभी उसकी रूममेट सोफी जाग गई।

“काव्या, इतनी रात को कहाँ जा रही हो?” सोफी ने पूछा।

“कुछ नहीं, बस रिषभ कुछ खाने के लिए बुला रहा है।”

सोफी ने लाइट ऑन की और देखा कि काव्या रो रही है।

“काव्या, सच बताओ। क्या रिषभ ने फिर से तुम्हें परेशान किया?”

“नहीं-नहीं, ऐसा कुछ नहीं है।”

“तुम झूठ क्यों बोल रही हो? मैंने तुम्हें कई बार रात में रोते हुए देखा है। ध्रुव तुमसे सच्चा प्यार करता था। तुमने उसे क्यों छोड़ा?”

“सोफ, अब ये बातें मत करो।”

“काव्या, रिषभ से दूर हो जाओ। ध्रुव तुम्हारे लिए सही था। रिषभ बस इस्तेमाल करके छोड़ देगा।”

“सोफ, अब वापस जाना मुमकिन नहीं। मैं वैसी नहीं रही।”

काव्या फूट-फूटकर रोने लगी।

कुछ देर बाद, उसने खुद को संभाला और कहा, “सोफ, मुझे जाना होगा। अगर मैं नहीं गई, तो रिषभ मुझे छोड़ देगा।”

सोफी ने रोका, “तो क्या हुआ? मत जाओ!”

काव्या ने सिर झुका लिया और धीरे से कहा, “मैं उसके बच्चे की माँ बनने वाली हूँ। अगर उसने मुझे छोड़ दिया, तो मैं क्या करूंगी?”

सोफी सन्न रह गई। उसने कुछ नहीं कहा। काव्या ने कपड़े पहने और कैंपस गेट की ओर चली गई।

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