कौन था वो लड़का
बेदर्द माय लवखुराना मेंशन
इनाया उठ कर बेठ गई। उस ने अपने आप को देखा व्हाइट टी शर्ट एंड ब्लेक ट्राऊजर पहन रखा था। जो जाते वक़्त युवान ने ही उसे पहनाया था। इनाया ने गहरी सास भरी और वॉशरूम चली गई। कुछ देर वो फ्रेश हु कर वापस कमरे मे आई।
तभी एक मेड टेबल पर चाय और कुछ बीसकीट रखकर इनाया से बोली. मेम आप के सनेस्क का टाइम हु गया है।
इनाया ने एक नज़र टेबल पर लगे खाने को देखा और फिर मना करते हुए बोली. " हमे अभी भूख नही है प्लीस आप ये सब ले जाइये। "
अभी मेड कुछ कहती उस से पहले ही इनाया का फोन रिंग होने लगा। इनाया जेसे ही कॉल रिसीफ करती है उधर से बेहद ही ठंडी और आकर्षक आवाज़ आई
खाने से मना कियो कर रही हो.? जानते हुए भी तुम कितनी विक है। कॉल युवान का था जो अपने केबिन मे बेठे । लैपटॉप पर इनाया की हर एक मूवमेंट पर अपनी नज़रें रहा था । इनाया उसे भी मना करते हुए बोली. " हमे इस वक़्त कोई भूख नही है। " खाना तो आप को पड़ेगा ईटस मय ऑडर.! "
इनाया इस के आगे कुछ नही बोली और चुप चाप खाने लगी। वही युवान लैपटॉप में इनाया को खाते हुए देख रहा था। और दूसरे पल उस के चेहरे पर मुस्कान आ गई। इनाया ने पूरा फिनिश किया ।
इनाया अब कमरे मे अकेली थी। अब उसने नजर उठा कर कमरे को गौर से देखने लगी। व्हाइट, ब्लेक एंड ग्रे रंग के सजा युवान कमरा काफी सलीके से सेट था। कमरे मे मौजुद एक एक चीज़ काफि लगजरी थी ।
वह रूम को देखते देखते एक रूम तक आ पहुंची और उस रूम में आपनी इतनी सारी तस्वीर कमरे मे देख इनाया एक दम हेरान हु गई। उसे खुद भी याद नही था आखिर ये तस्वीर उस ने कब खिचवाई और युवान के पास केसे आई। इनाया अपनी ही उलझनो मे थी के पिछे से आकर्षक आवाज़ आई.क्या देख रही हो जैरी?
युवन ने इनाया को पिछे से अपनी बाहों मे भरते हुए कहा इनाया के यू अचानक करीब आने से मिशिका दर गाई। युवान आपनी चेन इनाया के कंधे पर रखते हुए बोला
अच्छी लग रही हो ना जैरी । दो साल तक तुम्हारी तस्वीर के साहरे जिया हूं।
युवान की सासो मेहसुस कर इनाया ने कस आंखे बंद करली। उस की पकड़ अपनी ड्रेस पर कस गई। युवान इनाया की गर्दन पर अपने होठ चलाने लगा । जिस से इनाया की सासे तेज हु गई। दिल जोरो से धकड़ने लगा। उस की धड़कनो के शोर को सुन युवान को सुकून मिल रहा था
तुम जल्दी से रेडी हो जाओ हमे डिनर के लिए जाना है। "
युवान कि बात सुनकर कर तो इनाय ने झट मना करते हुए बोली. " हमे कही नही जाना। "
युवान आपनी गर्म सांस इनाया पर छोड़ते हुए कहा कोई नहीं मैं रेडी कर देता हूं । मुझे कोई दिक्कत नहीं है
युवान कहते हुए एवील इस्माइल करने लगा जिस से इनाया एक दम चिढ़ गई। वो बिना कुछ बोले क्लॉजट रूम की और बढ़ गई।
कुछ देर बाद इनाया निचे लिविंग एरिया मे आई जहाँ युवान सोफे पर बैठा मोबाइल मे कुछ कर रहा था। जेसे ही इनाया के आने की आहट उसे मेहसुस हुई उस ने पलके उठा कर सीढियो की और देखा तो बस देखता ही रहे गया।
कपूर मेंशन
सिया सिद्धार्थ को बूरी तरह से घूर रही थी।मैंशने कहा वह लड़का कौन था " सिद्धार्थ सिया के आखों में देखते हुऐ बोला ।।
सिद्धार्थ के पूछने पर सिया अब भी चुप थी। सिद्धार्थ का गुस्सा बढ़ता जा रहा था । एक बार फिर सिद्धार्थ ने उसके होठ पर अपना होठ रख कर रफ्ली किस करने लगा ।
पांच मिनट किस के बाद सिद्धार्थ सिया के होठ से अपना होठ हटा लिया सिया के होठ में सूज गई थी उसके होठ एक दम लाल हो गया था।
कौन था वो लड़का सिद्धार्थ फिर से सिया के आखों में देखते हुऐ बोली ।
" इस बार भी सिद्धार्थ के पूछने पर सिया अपना सर नीचे झुका रखी थी। सिद्धार्थ ने उसके होठ पर अपना होठ रख कर दिया।
कुछ देर बाद सिद्धार्थ उसके होठ को छोड़ कर फिर से वही सवाल किया तो इस बार भी सिया कुछ नही बोली लेकिन उसके आखों की ठहरा आशु उसके गाल पर लुड़क गया ।
सिद्धार्थ उसके आसू पूछते हुऐ बोला ," जवाब दो क्या कौन था वो लड़का " यह बोलते हुई सिद्धार्थ के हाथ सिया के होठ को टच किया । तो सिया के मुंह से सिसकी निकल गई ," आह,.!छोड़ो मुझे, मुझे नही पता , जाने दो मुझे " सिया सिद्धार्थ अपने आप से दूर करते हुए बोली ।
ओ रियली सिद्धार्थ अपनी पकड़ मजबूत करते हुई बोला ।मैं उसे नहीं जानती । सिया का जवाब सुन कर सिद्धार्थ के फेस पर इस्माइल आ गया । और सिया तो अच्छे से क्लीन कर करने लगा जैसे उसे पर से किसी की गंदगी हाट रहा हो ।
सिया जो कब से यह दर्द झेल रही थी । जिसे उस के आंखो से आंसू निकलते लगे । सिद्धार्थ सिया के कान के पास आपनी गर्म जीभ करने लगा । और बाडी मदहोश भारी वॉइस में कहां इस जिस्म पर मेरे दिए हुए निशान होने चाहिए ना कि किसी और के यू आर अंडरस्टैंड ।
और सिया के होठों को चूमने लगा , सिया को यह समझ में नहीं आ रहा था कि सिद्धार्थ ऐसा रिएक्ट क्यों कर रहा है । क्योंकि सिया कोई अच्छे से पता था कि यह शादी सिर्फ एक बिजनेस डील है उसके अलावा और कुछ नहीं ।
पर सिद्धार्थ तो यह बिजनेस डिल को शादी मन बैठा । सिया पर पत्नी पर हक जताने लगा । सिया भी सिद्धार्थ की पकड़ से छूटने के लिए बहुत कोशिश की थी । जितना छूटने की कोशिश करती है उतनी पकड़ सिद्धार्थ के उसे पर बानती जाती । सिया भी खुद को सिद्धार्थ के आगे खुद ढीला छोड़ दी ।
आज का भाग कैसा लगा आपको कमेंट जरुर करे दोस्तों