Perfect Life System - Episode 3
Perfect Life Systemअध्याय 3 : जीत की शुरुआत, और दोस्ती
पूरा बास्केटबॉल कोर्ट छात्रों से भर चुका था।
सबकी निगाहें आर्यन और विक्रम पर थीं।
कॉलेज के स्टार खिलाड़ी और एक रहस्यमयी नए लड़के के बीच मुकाबला होने वाला था।
विक्रम ने गेंद उठाई।
"पहले मैं शुरू करूँगा।"
आर्यन ने सिर हिला दिया।
पहला शॉट।
स्विश!
गेंद सीधे बास्केट में गई।
भीड़ तालियाँ बजाने लगी।
दूसरा शॉट।
स्विश!
तीसरा शॉट।
स्विश!
चौथा शॉट।
गेंद रिंग से टकराई...
लेकिन अंदर चली गई।
पाँचवाँ शॉट।
स्विश!
स्कोर: 5/5
पूरा कोर्ट तालियों से गूँज उठा।
विक्रम मुस्कुराया।
उसे पूरा विश्वास था कि वह जीत चुका है।
"अब तुम्हारी बारी है।"
उसने घमंड से कहा।
आर्यन ने गेंद उठाई।
उसकी हथेलियाँ शांत थीं।
दिल स्थिर था।
जैसे उसका शरीर खुद जानता हो कि क्या करना है।
पहला शॉट।
स्विश!
दूसरा शॉट।
स्विश!
तीसरा शॉट।
स्विश!
चौथा शॉट।
स्विश!
अब पूरा कोर्ट खामोश था।
दोनों का स्कोर बराबर था।
पाँचवाँ और आखिरी शॉट बचा था।
अगर यह अंदर गया, तो मुकाबला टाई होगा।
लेकिन तभी आर्यन मुस्कुराया।
वह धीरे-धीरे पीछे हटने लगा।
एक कदम।
दो कदम।
तीन कदम।
वह कोर्ट के बीचों-बीच पहुँच गया।
"यह क्या कर रहा है?"
एक छात्र बोला।
विक्रम हँस पड़ा।
"पागल हो गया है क्या?"
लेकिन अनन्या की आँखें सिकुड़ गईं।
उसे महसूस हुआ कि आर्यन कुछ अलग करने वाला है।
आर्यन ने गहरी साँस ली।
फिर गेंद को हवा में उछाल दिया।
गेंद पूरे कोर्ट के ऊपर से उड़ती हुई गई।
समय जैसे धीमा पड़ गया।
सभी की साँसें थम गईं।
और फिर...
स्विश!
गेंद बिना रिंग को छुए सीधे बास्केट में चली गई।
कुछ सेकंड तक पूरा कोर्ट शांत रहा।
किसी को विश्वास नहीं हो रहा था।
फिर अचानक शोर गूँज उठा।
"अविश्वसनीय!"
"ये कैसे हुआ?"
"कमाल है!"
अनन्या के चेहरे पर पहली बार खुली मुस्कान आई।
उसकी नज़रें आर्यन से हट नहीं रही थीं।
विक्रम का चेहरा गुस्से से लाल हो गया।
उसने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि कोई उसे पूरे कॉलेज के सामने हरा देगा।
उसी समय सिस्टम की आवाज़ गूँजी।
[डिंग!]
[विशेष मिशन पूरा!]
[₹2,00,000 खाते में जमा किए गए।]
[उन्नत बास्केटबॉल कौशल प्राप्त।]
आर्यन के होंठों पर मुस्कान आ गई।
अब उसके खाते में कुल ₹3,50,000 से अधिक थे।
लेकिन असली इनाम पैसा नहीं था।
उसी समय एक नई स्क्रीन दिखाई दी।
[विशेष एस-रैंक मिशन जारी किया गया]
मिशन: अनन्या कपूर से मित्रता स्थापित करो।
समय सीमा: 7 दिन
इनाम: ₹10,00,000
विशेष पुरस्कार: रहस्यमयी प्रतिभा पैक।
आर्यन स्क्रीन देखकर चौंक गया।
"मित्रता?"
उसी समय किसी ने उसके पीछे से कहा—
"हैलो।" आर्यन ने मुड़कर देखा।
अनन्या कपूर उसके सामने खड़ी थी।
उसकी खूबसूरत आँखों में जिज्ञासा थी।
"मेरा नाम अनन्या है।"
वह मुस्कुराई।
"और मुझे लगता है कि हम दोस्त बन सकते हैं।"
सिस्टम की स्क्रीन चमक उठी।
[मिशन प्रगति: 10%]
आर्यन मन ही मन हँस पड़ा।
लगता था, यह मिशन उसकी उम्मीद से आसान होने वाला था...
अनन्या के शब्द सुनकर आर्यन कुछ क्षणों के लिए चुप रह गया।
कॉलेज की सबसे लोकप्रिय लड़की...
खुद उससे दोस्ती करने की बात कर रही थी।
आसपास खड़े छात्र हैरानी से दोनों को देख रहे थे।
कई लड़कों के चेहरे उतर गए।
वे महीनों से अनन्या से बात करने की कोशिश कर रहे थे।
और यहाँ अनन्या खुद आर्यन के पास आई थी।
विक्रम की मुट्ठियाँ कस गईं।
उसकी आँखों में गुस्सा साफ दिखाई दे रहा था।
लेकिन इस समय वह कुछ नहीं कर सकता था।
अनन्या मुस्कुराई।
"तो... क्या मैं तुम्हें कॉफी पिला सकती हूँ?"
आर्यन हल्का सा हँसा।
"आमतौर पर लड़के यह सवाल पूछते हैं।"
अनन्या भी हँस पड़ी।
"तो मान लो मैं थोड़ा अलग हूँ।"
दोनों कॉलेज कैफेटेरिया की तरफ चल पड़े।
रास्ते में सिस्टम की स्क्रीन फिर चमकी।
[डिंग!]
[एस-रैंक मिशन अपडेट]
अनन्या कपूर के साथ 30 मिनट बिताओ।
इनाम: ₹1,00,000
मिशन प्रगति: 0/30 मिनट
आर्यन ने मन ही मन सिर पकड़ लिया।
"लगता है सिस्टम को हमारी दोस्ती बहुत पसंद है।"
कुछ देर बाद दोनों कैफेटेरिया में बैठे थे।
कॉफी उनके सामने रखी थी।
"तो बताओ, तुम अचानक इतने अच्छे खिलाड़ी कैसे बन गए?"
अनन्या ने पूछा।
आर्यन मुस्कुराया।
"अचानक नहीं।"
"कभी बास्केटबॉल मेरी पूरी दुनिया था।"
उसने अपने पुराने दिनों के बारे में थोड़ा बताया।
राज्य स्तरीय फाइनल।
दुर्घटना।
चोट।
और फिर खेल छोड़ देना।
अनन्या ध्यान से सुनती रही।
उसकी आँखों में सहानुभूति थी।
"तुम्हें पछतावा होता है?"
उसने धीरे से पूछा।
आर्यन कुछ सेकंड सोचता रहा।
फिर बोला—
"पहले होता था।"
"अब नहीं।"
"क्योंकि अगर मैं अतीत में फँसा रहूँगा तो भविष्य नहीं बना पाऊँगा।"
अनन्या कुछ क्षण उसे देखती रही।
उसने महसूस किया कि आर्यन बाकी लड़कों से अलग था।
तभी अनन्या का फोन बजा।
उसने स्क्रीन देखी।
और अचानक उसके चेहरे की मुस्कान गायब हो गई।
"सब ठीक है?"
आर्यन ने पूछा।
अनन्या ने तुरंत फोन बंद कर दिया।
"हाँ... कुछ खास नहीं।"
लेकिन आर्यन समझ गया कि वह झूठ बोल रही है।
उसी समय सिस्टम ने सूचना दी।
[मिशन पूर्ण!]
[₹1,00,000 खाते में जमा।]
लेकिन अगले ही पल एक नई स्क्रीन उभरी।
[विशेष जानकारी]
लक्ष्य: अनन्या कपूर
भावनात्मक स्थिति: तनावग्रस्त
खतरे का स्तर: मध्यम
आर्यन की आँखें फैल गईं।
पहली बार सिस्टम ने किसी व्यक्ति के बारे में जानकारी दिखाई थी।
और इसका मतलब साफ था—
अनन्या किसी परेशानी में थी।
उधर शहर के एक आलीशान बंगले में...
एक मध्यम आयु का आदमी गुस्से में टेबल पर हाथ मार रहा था।
"मैंने फैसला कर लिया है।"
उसके सामने बैठे बिजनेसमैन ने पूछा,
"क्या?"
"अनन्या की शादी राठौड़ ग्रुप के बेटे से होगी।"
वह आदमी था—
राघव कपूर।
अनन्या का पिता।
और यह वही बात थी जिसने अभी-अभी अनन्या के चेहरे की मुस्कान छीन ली थी।
उसे नहीं पता था कि जल्द ही उसकी ज़िंदगी में एक ऐसा लड़का आने वाला है...
जो किस्मत तक बदल सकता था।
जारी रहेगा...
अगले अध्याय में:
अनन्या की जबरन तय की गई सगाई का खुलासा।
आर्यन का पहला बड़ा बिजनेस मिशन।
₹50 लाख का इनाम।
विक्रम और राठौड़ परिवार की साजिश।
dbtbgmtdktnt sq wt wvr wr wt wt gw wg wt wg g yw g wt gw gw hs gw yw y yw g yw yw t g tw ga gs