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Chapter 2

Unknown wife of billionaire - Chapter 2

Unknown wife Of Billionaire

इशिका सिंघानिया कोर्ट में अपनी शादी रजिस्टर करवाने गई थी। वहां उसे पता चला कि उसकी शादी पहले ही किसी के साथ रजिस्टर हो चुकी थी। पति के नाम पर मिला उसे एक नाम, अभिमन्यु राजवंश। इसके बारे में ना तो उसने पहले कभी सुना था और ना ही वो उसे जानती थी।

अभिमन्यु राजवंश के साथ हुई शादी का अपनी मैरिज सर्टिफिकेट के साथ इशिका सिंघानिया मेंशन पहुंची। इशिका का अभी शादी करने का कोई इरादा नहीं था पर उसकी सौतेली बहन, जो उसके पिता आदर्श सिंघानिया की जायज औलाद थी, उसकी वजह से उसे पहले शादी करनी पड़ रही थी।

आयशा का होने वाला पति नक्ष सिंघानिया मुंबई के टॉप बिजनेसमैन का इकलौता बेटा था। सारी प्रॉपर्टी उसी के नाम होने वाली थी। शादी के लिए नक्ष ने इशिका को प्रपोज किया था लेकिन उसकी मां मालविका सिंघानिया ने पूरा मामला ये कहकर बदल दिया कि इशिका की शादी पहले से ही तय हो चुकी है।

इशिका आयशा के कमरे के बाहर खड़ी अपने ख्यालों में खोई हुई थी और अपनी किस्मत को कोस रही थी तभी मालविका ने अंदर से आवाज देते हुए कहा, “अब क्या पूरी उम्र यही बिताने का इरादा है? अंदर भी आ जाओ।”

इशिका ने गहरी सांस ली और मन ही मन कहा, “बस एक आखिरी बार उनकी बात माननी है। फिर मैं अपने तरीके से अपनी जिंदगी को जीने वाली हूं।

इशिका धीमे कदमों से चलकर अंदर आ रही थी। हालांकि वो जानती थी कि उसका यहां आना किसी को पसंद नहीं आएगा, खासकर उसकी सौतेली बहन आयशा को।

इशिका अंदर आई तो मालविका ने उसकी तरफ तिरछी निगाहों से देखा और उसे आयशा के पास आने का इशारा किया। आईने के सामने बैठी आयशा बिल्कुल किसी प्रिंसेस की तरह लग रही थी। उसने वाइन कलर का महंगा इवनिंग गाउन पहना हुआ था, जो काफी एक्सपेंसिव ब्रांड का लग रहा था।

आयशा की तरफ इशारा करके मालविका ने कहा, “आयशा, माय बेबी, तुम्हें किसी की नजर ना लगे। यू आर लुकिंग अमेजिंग।” बोलते हुए उसने उसके कानों के पीछे एक काला टीका लगा दिया।

आयशा ने एक नजर खुद को आईने में देखा और अपने बालों को सही करने लगी। उसके बालों को कर्ल करके खुला छोड़ गया था और अच्छी सी हेयर स्टाइल बनाकर उसमें डायमंड क्लिप लगाई हुई थी। एवरेज हाइट, हल्का गेरुआ रंग, जिसे उसने मेकअप करके काफी लाइट बना रखा था, बड़ी आंखों के साथ वो खुबसूरत लग रही थी। उसे देखकर साफ पता चल रहा था कि आयशा ने इस दिन के लिए खास मेहनत की है।

अचानक आयशा की नजर इशिका की तरफ गई, जो सिंपल से कपड़ों में भी बहुत खूबसूरत लग रही थी। उसे देखकर आयशा मुंह बन गया। उसने तुरंत अपनी नज़रें घुमा कर कहा, “आज के दिन के बारे में तो सोच लेती। कम से कम कपड़े तो अच्छे पहन कर आ सकती थी। नहीं थे, तो मुझे बता देती। मैंमें काफी सारे कपड़े डोनेट करने के लिए रखे हैं। उनमें से तुम्हें कुछ अच्छा दे देती।”

“नो थैंक्स, मैं किसी और के कपड़े नहीं पहनती हूं।” इशिका ने सख्ती से कहा।

आयशा के पास इशिका से जलने के बहुत से कारण थे। वो खूबसूरत थी लेकिन उसकी खूबसूरती इशिका के सामने फीकी पड़ जाती थी। इशिका की हाइट भी उससे ज्यादा थी और बॉडी भी काफी फिट। इशिका की तुलना में आयशा का वजन थोड़ा ज्यादा था और हाइट भी कम। ऊपर से नक्ष भी आयशा के बजाय इशिका को पसंद करता था।

आयशा ने फिर इशिका की तरफ देखा और भौहें उठाकर बोली, “वैसे यू आर नॉट इनवाइटेड। फिर यहां क्यों आई हो तुम? पता है ना आज नक्ष आने वाला है।” उसने ऐसा इसलिए कहा क्योंकि आयशा नहीं चाहती थी कि इशिका और नक्ष एक दूसरे के आमने-सामने आए।

इशिका उसकी बात का कोई जवाब देती उससे पहले मालविका ने जल्दी से कहा, “तुम्हें घबराने की जरूरत नहीं है आयशा। इशिका यहां आज एक गुड न्यूज़ के साथ आई है। आज उसने शादी कर ली है।”

जैसे ही आयशा ने सुना, उसने हैरानी से आंखें बड़ी की और झट से पूछा, “क्या? इतनी जल्दी शादी कर ली? लेकिन किससे ? क्या वो नक्ष से अच्छा है? करता क्या है?” आयशा नहीं चाहती थी कि इशिका किसी भी मामले में उससे सुपीरियर दिखे तो उसने जल्दी-जल्दी इशिका के हस्बैंड के बारे में सवाल पूछने शुरू कर दिए थे।

आयशा की बात सुनकर मालविका हंसी और बोली, “तुम मजाक कर रही हो क्या? नक्ष सिंघानिया कौन है, ये सब जानते हैं। मुंबई के टॉप बिजनेसमैन का बेटा, गोवा में भी उसके काफी सारे बिजनेस हैं। इंटरनेशनल लेवल पर उनका काम है। इकलौता बेटा है वो.. ऊपर से दिखने में इतना हैंडसम है, बिल्कुल किसी मॉडल की तरह। उसके कंपैरिजन का कोई नहीं है।”

“फिर उसने किस से शादी की है और वो इसके साथ क्यों नहीं आया? मुझे उससे मिलना है? आयशा ने सिर हिला कर कहा।

इशिका इन सब में बिल्कुल चुपचाप खड़ी थी। मालविका ही जवाब में बोली, “होगा कोई इसी की तरह सड़क छाप, तभी यहां तक आने की हिम्मत नहीं कर पाया। देखो ये मेरी बेटी जरूर है लेकिन तुम्हें पता है ना ये हमसे अलग रहती है। अपने डिसीजन भी खुद लेती है, तो मैंने इस मामले में कोई इंटरफेयर नहीं किया। ये जाने और इसका फटीचर हस्बैंड जाने।”

आयशा को अभी भी यकीन नहीं हो रहा था कि इशिका इतनी जल्दबाजी में अचानक से शादी करके आ जाएगी। फिर उसने इशिका की तरफ देखा, जो सिंपल से कपड़ों में भी वाकई काफी ज्यादा खूबसूरत लग रही थी।

आयशा ने गहरी सांस लेकर कहा, “लेकिन ये कैसे हो सकता है? हमारी इशिका इतनी खूबसूरत है। याद है ना आंटी, नक्ष भी पहले इसी के पीछे था। फिर पता नहीं अचानक उसने मुझे प्रपोज क्यों कर दिया?” आयशा एक अच्छी बहन होने का दिखावा काफी अच्छे से कर लेती थी।

आयशा अभी भी इस सच से अनजान थी कि मालविका ने कौन सी चाल चली थी। मालविका ने नक्ष से पर्सनली मुलाकात की और अपनी ही बेटी के खिलाफ उसे भड़काया। उसके बाद उसने इशिका को शादी करने पर मजबूर किया।

मालविका ने मुंह बनाया और इशिका की तरफ एक नजर देखने के बाद बोली, “ऐसी खूबसूरती का क्या फायदा, जब आप किसी अमीर आदमी की नाजायज औलाद हो? देखो समाज के लोग देखेंगे तो आपको गलत नजरों से ही ना...।”

“लेकिन नक्ष 3 साल तक इसके पीछे थे।” आयशा ने मामला कुरेदते हुए पूछा।

मालविका बोली, “तुम नक्ष सिंघानिया को बीच में क्यों लेकर आ रही हो? एक पल के लिए उन्हें ये अच्छी लगी होगी पर है तो ये नाजायज बेटी ही ना। उनके स्टेटस से कहीं भी मेल नहीं खाती। सोचो इनकी शादी हो जाती तो वो इसे कहीं लेकर भी नहीं जा सकते थे। अब जाने भी दो, तुम अपने खास दिन पर ध्यान दो।”

आयशा ने आगे कुछ नहीं पूछा। वो मुस्कुरा दी। उसे कहीं ना कहीं इशिका के नए हस्बैंड को देखना था ताकि आज फिर खुद को सुपीरियर साबित कर सके।

आयशा इशिका की तरफ देखकर बोली, “ठीक है कम से कम एक फोटो तो दिखा ही सकती हो। तुम्हारे जितना अच्छा नहीं होगा दिखने में, पर अब वो तुम्हारा पति है।”

इशिका के पास कोई जवाब नहीं था। वो तो उन्हें मैरिज सर्टिफिकेट तक नहीं दिखा सकती थी क्योंकि उस ब्लैक एंड व्हाइट फोटो में भी वो आदमी काफी हैंडसम लग रहा था। मालविका ने जिस तरह से उसकी फीचर्स बताई थी, उससे तो वो दूर-दूर तक मेल नहीं खाता था।

“इसकी तरफ देखना बंद करो। तैयार हो जाओ... राजवंश फैमिली आती ही होगी।” मालविका ने बात बदलने के लिए कहा तो आयशा खुद का टच अप करने लगी।

फिर उसकी नजर नीचे पड़ी अपनी हील्स पर तरफ गई। आयशा अपनी ड्रेस के कारण झुक नहीं सकती थी। उसने पप्पी आईज बनाकर मालविका की तरफ देखा।

मालविका उसका इशारा समझ गई थी। उसने इशिका को उसकी तरफ धकेलते हुए कहा, “तुम्हें दिख नहीं रहा, तुम्हारी बहन को आज तुम्हारी जरूरत है। चलो उसे उसकी हील्स पहनने में हेल्प करो। झुका नहीं जा रहा है उससे।”

हमेशा यही होता था। मालविका जानबूझकर इशिका को नीचा दिखाने की कोशिश करती थी जबकि वो उसकी खुद की बेटी थी। इशिका काफी वक्त बाद मालविका और बाकी फैमिली से दूर रह रही थी। मालविका को लगता था कि जैसे वो बचपन में इशिका के साथ अत्याचार करती थी, वैसे अब भी कर पाएगी।

इशिका ने सर्द निगाहों से मालविका की तरफ देखा और सख्ती से बोली, “आप भी तो इसकी हेल्प कर सकती है ना? आप यहां किसके लिए हैं? जहां तक मुझे पता है, इसकी बेबी सिटिंग तो आप ही करती आई है ना।”

उसकी बात सुनकर मालविका को गुस्सा आया। मालविका ने इशिका की बाजू पकड़ते हुए कहा, “इशिका, ये बात करने का कौनसा तरीका हुआ तुम्हारा? तुम्हें ये लग रहा है तुम्हारी शादी हो गई तो अब तुम अपने पति के साथ खुशी-खुशी जिंदगी बिताओगी और हमारा तुमसे कोई लेना देना नहीं होगा? किसी गलतफहमी में मत रहो। जहां तक मैं तुम्हें जानती हूं, तुमने किसी ऐरे गेरे से ही शादी की होगी। कल को तुम्हारा पति और तुम दोनों पैसे मांगने के लिए इसी सिंघानिया हाउस में आओगे।”

मालविका का साथ देते हुए आयशा बोली, “मुझे लगा था कि आज मेरा खास दिन है तो तुम ठीक से पेश आओगी। कम से कम आज के दिन तो चुप रही। तुम हमारे क्लास को कभी मैच नहीं कर सकती हो लेकिन ड्रामा तो कर ही सकती हो। वो तो तुम्हें काफी अच्छे से आता है।”

आयशा और मालविका ऊंची आवाज में इशिका को डांट रहे थे तभी दरवाजे पर एक लगभग 55 साल का आदमी आया। उन्होंने ग्रे कलर का सूट पहना हुआ था। लंबी हाईट, चेहरे पर गहरी मूंछें और एक्सपेंसिव ग्लासेस। वो आदर्श सिंघानिया थे।

बाहर इस तरह चिल्लाने की आवाज सुनकर आदर्श ने दरवाजे से ही तेज और सख्त आवाज में कहा, “ये क्या लगा रखा है तुम सब ने? कम से कम आज के दिन तो इस घर में शांति बनाए रखो।” चलते हुए वो अंदर आ गए थे।

आदर्श को देखते ही मालविका ने तुरंत अपने चेहरे के भावों को बदल दिया। उसने खुद को लाचार दिखाया और धीमी आवाज में बोली, “ये सब इस लड़की की वजह से हुआ है। पहले इसके पैदा होने की वजह से सब मुझे समझ में गलत नजरों से देखते थे और आज इसने मुझे बिना बताए शादी कर ली। एक बदनामी कम थी क्या, जो दूसरी और बदनामी मेरे सिर पर ला कर रख दी।

जैसे ही आदर्श सिंघानिया ने शादी का सुना, उन्होंने इशिका की तरफ देखकर हैरानी से कहा, “तुमने शादी कर ली और हमें इस बारे में बताया तक नहीं? लाओ, तुम्हारा मैसेज सर्टिफिकेट दिखाओ, मैं भी तो देखूं वो कौन है, जिससे तुमने शादी की है। हमारे लायक है भी या नहीं।”

आदर्श को उससे कितना प्यार था या कितनी परवाह है, ये इशिका अच्छे से जानती थी। उनके कहने पर इशिका को अपना मैरिज सर्टिफिकेट निकाल कर उन्हें दिखाने के लिए आगे करना ही पड़ा। आदर्श उसे अपने हाथ में लेते उससे पहले मालविका ने उसे इशिका से छीनते हुए कहा, “लाओ, मैं भी तो देखूं, किस आवारा इंसान से शादी की है तुमने।”

मालविका को मैरिज सर्टिफिकेट देखने का मौका नहीं मिला उससे पहले ही इशिका ने वापस उससे ले लिया था। मालविका आदर्श के सामने इसके लिए उसे डांट भी नहीं सकती थी।

कोई कुछ बोलता उससे पहले आयशा ने आदर्श के चेहरे को नोटिस किया, जो नर्वस लग रहे थे। आयशा ने खड़े होकर आदर्श के पास आकर पूछा, “क्या हुआ डैड? आप नर्वस लग रहे हो? राजवंश फैमिली तो पहले भी यहां आ चुकी है फिर परेशान होने की क्या जरूरत है।”

उसने गहरी सांस ली और हल्की एक्साइटेड आवाज में कहा, “परेशान नहीं हूं बेटा, नर्वस हूं। एक्चुअली वो अभिमन्यु राजवंश भी आ रहे हैं ना, इसलिए।”

आदर्श के मुंह से अभिमन्यु राजवंश का नाम सुनकर इशिका चौक गई थी। शायद उसे आदर्श से उस अनजान पति के बारे में कुछ पता चल सकता था।

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